Holika Dahan 2019: जाने कब है होलिका दहन का शुभ मुहूर्त कैसे करें पूजन

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होली दहन और भद्रा काल का गहरा संबंध होता है। इस के अनुसार बुधवार 20 मार्च 2019 को प्रात:काल 10 बज कर 45 से भद्राकाल प्रारंभ हो जायेगा और सांयकाल 8 बज कर 59 तक रहेगा। इसके बाद 9 बज कर 28 मिनट से रात्रि 11:58 तक होलिका दहन किया जा सकता है। 

सभी लोग अपनी क्षेत्र परंपरा के अनुसार होलिका दहन करेंगे। सामान्य तौर पर भद्रा में होलिका दहन नहीं होना चाहिए क्योंकि एसा करने से जनसमूह का नाश होता है। प्रतिपदा चतुर्दशी भद्रा और दिन में होलिका जलाना सर्वथा त्याग योग्य समझा जाता है।

होलिका दहन या होली भारत के उत्तरी भागों में मनाये जाने वाला  प्रमुख त्यौहार है। होलिका दहन को हम छोटी होली भी कहते हैं। पूर्णिमा से पूर्व फाल्गुन माह में शुक्ल पक्ष की चतुर्दशी को होलिका दहन होता है। इसके साथ प्रमुख रूप से जुड़ी कथा के अनुसार वर्षो पूर्व पृथ्वी पर एक अत्याचारी राजा हिरण्यकश्यप राज करता था। उसने अपनी प्रजा को आदेश दिया कि सभी ईश्वर की अराधना ना करके उसे ही अपना आराध्य माने। जबकि उसका पुत्र प्रहलाद ईश्वर का परम भक्त था। उसने अपने पिता की आज्ञा की अवहेलना करते हुए अपनी ईश भक्ति जारी रखी। तब हिरण्यकश्यप ने अपने पुत्र को दंड देने के लिए अपनी अग्नि से ना जलने का वरदान प्राप्त कर चुकी बहन होलिका की गोद में प्रहलाद को बिठा कर अग्नि के हवाले कर दिया। इसके बाद भी दुराचारी का साथ देने के कारण होलिका भस्म हो गई और भक्त प्रहलाद की भगवान ने रक्षा कर ली। तभी से हम बुराइयों और पाप के अंत के रूप में होलिका दहन करते आ रहे हैं।