कितना खतरनाक हो सकता है स्लीप पैरालिसिस, जानिए

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बेहतर स्वास्थ्य के लिए पर्याप्त मात्रा में नींद लेना बेहद आवश्यक है। आज की भागती-दौड़ती लाइफस्टाइल में कुछ लोगों को नींद न आने की समस्या का सामना करना पड़ता है। ऐसी ही एक स्थिति है स्लीप पैरालिसिस।

 जहां आम पैरालिसिस में मनुष्य के शरीर का कोई अंग हमेशा के लिए निष्क्रिय हो जाता है, वहीं स्लीप पैरालिसिस की अवधि मात्र दो से तीन मिनट की ही होती है। स्लीप पैरालिसिस की स्थिति में व्यक्ति का मस्तिष्क तो जाग जाता है, लेकिन उसका शरीर बिलकुल भी नहीं हिल-डुल पाता। आमतौर पर जब व्यक्ति सोकर जागता है या फिर रात्रि में नींद से उठता है तो उसका पूरा शरीर जड़ हो जाता है।

अत्यधिक तनाव, बेहद कम सोना या आवश्यकता से बहुत अधिक सोना, गलत पाॅजिशन में सोना, नींद का अनियमित समय कुछ ऐसे कारण है, जो व्यक्ति की स्लीप पैरालिसिस की समस्या को कई गुना बढ़ा देते हैं।