विशिष्ट दिव्यांगता पहचान-पत्र बनाये जाने के लिए दिशा-निर्देश जारी

Web Journalism course

लखनऊ। प्रदेश सरकार ने भारत सरकार द्वारा दिव्यांगजनों के लिए विशिष्ट दिव्यांगता पहचान-पत्र यूडीआईडी बनाये जाने के सम्बन्ध में आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए हैं।

राज्य के मुख्य सचिव अनूप चन्द्र पाण्डेय ने बताया कि इस संबंध जारी सर्कुलर के अनुसार इस परियोजना के तहत केन्द्रीय वेब एप्लीकेशन पूरे भारत के लिए दिव्यांगजन के डाटाबेस को आॅनलाइन सुलभ कराना है। उन्होंने बताया कि दिव्यांगता प्रमाण-पत्र जारी के लिए आॅनलाइन आवेदन करना होगा।

उन्होंने बताया कि इस परियोजना का प्रमुख उद्देश्य देश के सभी दिव्यांगजनों का एक समग्र डाटाबेस विकसित कर उसके तहत सभी दिव्यांगजनों का एक पहचान-पत्र और दिव्यांगता प्रमाण-पत्र निर्गत करना हैए जो पूरे भारत के लिए मान्य होगा। यूडीआईडी बनाने के लिए ऑनलाइन पंजीयन कराये जाने के बाद दिव्यांगजन के डाटाबेस में डुप्लीकेशन समाप्त हो जायेगी।
यह परियोजना नितान्त महत्वपूर्ण है और दिव्यांगजन के लिए इसका दूरगामी प्रभाव होगा। दिव्यांगजन को मिलने वाली सभी सुविधाएं इस पहचान पत्र पर आधारित होंगी। वर्तमान में दिव्यांगजन को जो दिव्यांगता प्रमाण.पत्र मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय द्वारा निर्गत किये जा रहें हैंए वह केवल प्रदेश के लिए ही मान्य हैंए लेकिन यूडीआईडी कार्ड की मान्यता राष्ट्रीय स्तर की होगी।